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सिलौड़ी पुलिस चौकी प्रभारी सीताराम बागरी और सेंट्रल बैंक कैशियर राजकुमार बर्मन हुए सेवानिवृत्त

 सिलौड़ी पुलिस चौकी प्रभारी सीताराम बागरी और सेंट्रल बैंक कैशियर राजकुमार बर्मन हुए सेवानिवृत्त 



ढीमरखेड़ा | आँख से दूर सही दिल से कहाँ जाएगा, जाने वाले तू हमें याद बहुत आएगा शीर्षक पढ़कर दंग मत होना यह कहानी है दो सेवानिवृत्त कर्मचारियों की, गौरतलब हैं कि सिलौड़ी पुलिस चौकी प्रभारी सीताराम बागरी और सेंट्रल बैंक कैशियर राजकुमार बर्मन के सेवानिवृत्ति पर एक भावनात्मक विदाई समारोह आयोजित किया गया। दोनों ने अपने-अपने क्षेत्र में दीर्घकालिक सेवाएं दीं लिहाज़ा अब सेवानिवृत्त हो रहे हैं। यह कार्यक्रम न केवल उनके लिए, बल्कि पूरे समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर था।

*मेरे जीवन में सेवा - भाव सर्वोपरी*

उप निरीक्षक सीताराम बागरी ने पुलिस विभाग में 43 वर्षों की सेवा पूरी की। उनका करियर एक शानदार यात्रा की तरह रहा, जिसमें उन्होंने विभिन्न चुनौतियों का सामना किया और अपनी जिम्मेदारियों को सफलतापूर्वक निभाया। सेवानिवृत्ति समारोह में, पुलिस चौकी सिलौड़ी के स्टाफ ने एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और वरिष्ठ नागरिकों ने हिस्सा लिया। समारोह की शुरुआत सीताराम बागरी के नाम से वृक्षारोपण से की गई, जो उनके पर्यावरण संरक्षण के प्रति समर्पण को दर्शाता है।

*राजकुमार बर्मन की 25 वर्षों की बैंकिंग सेवा रही*

राजकुमार बर्मन, जिन्होंने सेंट्रल बैंक के कैशियर के रूप में 25 वर्षों तक सेवा की, उनका भी सेवानिवृत्त कार्यक्रम था जिसमें उनके सहयोगियों और गांव के वरिष्ठ जनों ने विदाई दी। बैंक के स्टाफ और ग्रामीणों ने उन्हें शाल, श्रीफल, और उपहार देकर सम्मानित किया। इस मौके पर, राजकुमार बर्मन ने अपने सभी सहकर्मियों और ग्राहकों का धन्यवाद किया और कहा कि उनके साथ बिताया गया समय हमेशा उनकी यादों में रहेगा।

*43 वर्ष कैसे बीत गए पता ही नहीं चला*

इस अवसर पर, ढीमरखेड़ा थाना प्रभारी मोहम्मद शाहिद खान भी उपस्थित रहे। सीताराम बागरी ने अपने संबोधन में कहा कि 43 वर्ष कैसे बीत गए, यह पता ही नहीं चला। उन्होंने स्टाफ और क्षेत्र के लोगों को धन्यवाद दिया और कहा कि सभी ने पुलिस के कार्य में अच्छा सहयोग किया। उन्होंने विशेष रूप से मेजर अतुल शर्मा, मंगल विश्वकर्मा, धर्मवीर सिंह, और अमित शुक्ला का उल्लेख किया, जिन्होंने उनके साथ अच्छे से काम किया।कार्यक्रम में शामिल होने वाले जनप्रतिनिधियों में मंडल अध्यक्ष डॉ. प्रशांत राय, सरपंच कैलाशचंद्र जैन, सरपंच अनिल बागरी, मंडल महामंत्री मनीष बागरी, जनशिक्षक संतोष बर्मन, राजेश सोनी, सौरभ मिश्रा, लखन बागरी, नरेंद्र बागरी, जयचंद्र उइके आदि शामिल थे। जनशिक्षक संतोष बर्मन ने कार्यक्रम का संचालन किया और समारोह को सफलतापूर्वक संपन्न किया।

*लोगों ने साझा किए अपने - अपने विचार* 

समारोह में एक खास तरह की सामुदायिक भावना दिखाई दी। ग्रामीणों ने अपने प्रिय अधिकारियों और कर्मचारियों को विदाई देने के लिए एकत्रित होकर एकजुटता दिखाई। इस अवसर पर, कई लोगों ने अपने अनुभव साझा किए और बताया कि कैसे सीताराम बागरी और राजकुमार बर्मन ने उनके जीवन पर सकारात्मक प्रभाव डाला। ग्रामीणों ने सीताराम बागरी की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने हमेशा कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग किया और पुलिस के कार्यों में पारदर्शिता और ईमानदारी बनाए रखी। उनके नेतृत्व में, सिलौड़ी क्षेत्र में अपराध दर में कमी आई और लोगों को सुरक्षा का एहसास हुआ। वहीं, राजकुमार बर्मन ने बैंक में अपने ग्राहकों के साथ सद्भावना और ईमानदारी से व्यवहार किया, जिससे उन्होंने एक मजबूत ग्राहक संबंध स्थापित किया।

 *भावनात्मक विदाई के पल*

समारोह के अंत में, सभी उपस्थित लोगों ने सीताराम बागरी और राजकुमार बर्मन को उनके आगे के जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपनी सेवानिवृत्ति के बाद की योजनाओं के बारे में भी बात की, जिसमें उन्होंने अपने परिवार के साथ समय बिताने और समाज सेवा में सक्रिय रहने की इच्छा व्यक्त की। यह कार्यक्रम सिर्फ एक सेवानिवृत्ति समारोह नहीं था, बल्कि एक ऐसी यादगार घटना थी जो लंबे समय तक लोगों के दिलों में बसी रहेगी। इसने दिखाया कि कैसे एक छोटे से गांव के लोग अपने समाज के नेताओं और सेवक को सम्मानित करने और उनकी सेवाओं की सराहना करने में एकजुट हो सकते हैं।

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