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ढीमरखेड़ा में आईटीआई भवन निर्माण की मांग तेज,पोड़ी खुर्द में भूमि आवंटित होने के बावजूद नहीं बना भवन, समाजसेवी विनोद परौहा ने खोला मोर्चा

 ढीमरखेड़ा में आईटीआई भवन निर्माण की मांग तेज,पोड़ी खुर्द में भूमि आवंटित होने के बावजूद नहीं बना भवन, समाजसेवी विनोद परौहा ने खोला मोर्चा ढीमरखेड़ा । ग्रामीण अंचलों में युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें तकनीकी शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से स्वीकृत किए गए शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) का भविष्य फिलहाल कागजी दांव-पेच और प्रशासनिक असमंजस के भंवर में फंस गया है।ढीमरखेड़ा क्षेत्र में आईटीआई के स्थायी भवन के निर्माण को लेकर अब स्थिति बेहद संवेदनशील और पेचीदा हो गई है। एक तरफ जहां जिला व स्थानीय प्रशासन इस संस्थान को आनन-फानन में अस्थायी रूप से शासकीय महाविद्यालय ढीमरखेड़ा के भवन में शिफ्ट करने की तैयारी में जुटा है, वहीं दूसरी तरफ क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों, युवाओं और प्रबुद्ध नागरिकों ने इस कदम का मुखर विरोध करते हुए ढीमरखेड़ा मुख्यालय पर ही स्थायी भवन निर्माण की मांग को लेकर आंदोलन का रुख अख्तियार कर लिया है। इस पूरे मामले को प्रमुखता से उठाते हुए क्षेत्र के जाने-माने समाजसेवी, गनियारी अंतर्वेद निवासी विनोद परौहा ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्ह...

5.25 करोड़ के जनपद भवन निर्माण पर उठे सवाल, ग्रामीणों ने की उच्चस्तरीय तकनीकी जांच की मांग प्लिंथ में काली मिट्टी से भराई और तीन फीट गहरी नींव पर पिलर खड़े करने के आरोप, सीईओ बोले इस्टीमेट से मिलान कर होगी जांच, गड़बड़ी मिली तो होगी कार्रवाई

 5.25 करोड़ के जनपद भवन निर्माण पर उठे सवाल, ग्रामीणों ने की उच्चस्तरीय तकनीकी जांच की मांग प्लिंथ में काली मिट्टी से भराई और तीन फीट गहरी नींव पर पिलर खड़े करने के आरोप, सीईओ बोले इस्टीमेट से मिलान कर होगी जांच, गड़बड़ी मिली तो होगी कार्रवाई ढीमरखेड़ा । कटनी जिले के ढीमरखेड़ा में लगभग 5.25 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन नवीन जनपद पंचायत भवन की गुणवत्ता को लेकर विवाद गहरा गया है। स्थानीय ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों ने निर्माण कार्य में तकनीकी मानकों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए स्वतंत्र एवं उच्चस्तरीय तकनीकी जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यदि निर्माण के शुरुआती चरण में ही गुणवत्ता से समझौता किया गया है, तो भविष्य में भवन की मजबूती और आमजन की सुरक्षा पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्लिंथ बीम बनने के बाद भराई कार्य में लगभग 90 प्रतिशत काली मिट्टी और केवल 10 प्रतिशत मुरम का उपयोग किया जा रहा है। उनका कहना है कि निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार परत-दर-परत भराई, पानी का छिड़काव एवं मशीन से कंपेक्शन किया जाना चाहिए, लेकिन मौके पर बिना लेयरवार कंपेक्शन के जेसीब...

कटनी मंडी के पास तालाब के बाजू में कथित सट्टा संचालन, पुलिस कार्रवाई की मांग तेज

 कटनी मंडी के पास तालाब के बाजू में कथित सट्टा संचालन, पुलिस कार्रवाई की मांग तेज कटनी ।  कटनी शहर के मंडी क्षेत्र के आसपास कथित रूप से अवैध सट्टा गतिविधियों के संचालित होने की चर्चाएं स्थानीय लोगों के बीच बनी हुई हैं। क्षेत्र के नागरिकों का कहना है कि यदि इस तरह की गतिविधियां चल रही हैं, तो उन पर तत्काल जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मंडी क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाई जाए तथा शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। यदि अवैध सट्टा संचालन की पुष्टि होती है, तो इससे युवाओं और आम नागरिकों पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों को रोकने के लिए कठोर कदम उठाए जाने चाहिए उल्लेखनीय है कि कटनी पुलिस पूर्व में भी ऑनलाइन और अवैध सट्टेबाजी के मामलों में कार्रवाई कर चुकी है, जिससे यह स्पष्ट है कि ऐसे मामलों पर कानूनी कार्रवाई की जाती रही है।

जहां हर मिनट उफनता था 25 हजार लीटर पानी, जानें कैसे बनी वो टनल, सीएम डॉ. यादव ने करीब से देखा ड्रीम प्रोजेक्ट, सीएम डॉ. मोहन ने देखा इंजीनियरिंग का चमत्कार, जानें कैसी-कैसी चुनौतियों का सामना कर बनी स्लीमनाबाद टनल, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया स्लीमनाबाद टनल का निरीक्षण, 1450 गांवों की 2.45 लाख हेक्टेयर जमीन की होगी सिंचाई, इंजीनियरिंग के चमत्कार से बदल जाएगी विंध्य - महाकौशल की तकदीर, 100 साल तक जैसी बनी है वैसी रहेगी टनल, भूकंप का नहीं होगा असर

 जहां हर मिनट उफनता था 25 हजार लीटर पानी, जानें कैसे बनी वो टनल, सीएम डॉ. यादव ने करीब से देखा ड्रीम प्रोजेक्ट, सीएम डॉ. मोहन ने देखा इंजीनियरिंग का चमत्कार, जानें कैसी-कैसी चुनौतियों का सामना कर बनी स्लीमनाबाद टनल, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया स्लीमनाबाद टनल का निरीक्षण, 1450 गांवों की 2.45 लाख हेक्टेयर जमीन की होगी सिंचाई, इंजीनियरिंग के चमत्कार से बदल जाएगी विंध्य - महाकौशल की तकदीर, 100 साल तक जैसी बनी है वैसी रहेगी टनल, भूकंप का नहीं होगा असर कटनी ।  मध्यप्रदेश का इंजीनियरिंग मार्वल यानी चमत्कार 'स्लीमनाबाद टनल' करीब-करीब तैयार है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 17 जुलाई को कटनी जिले में इसका निरीक्षण किया। यह टनल सीएम डॉ. मोहन यादव का ड्रीम प्रोजेक्ट है। इस टनल से जबलपुर, कटनी, मैहर, सतना, रीवा और पन्ना के करीब 1450 गांवों की 2.45 लाख हेक्टेयर भूमि को स्थायी सिंचाई सुविधा मिलेगी। इस तरह पूरे विंध्य-महाकौशल क्षेत्र की खेती की तस्वीर और तकदीर ही बदल जाएगी। इस मौके पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 8 घंटे की तीन शिफ्ट में टनल बनाने के लिए काम शुरू किया गया। वर्ष 201...

मुरवारी में शासकीय भूमि और तालाब पर अतिक्रमण का गहराता विवाद, समाजसेवी अशोक पाण्डेय की आंदोलन की चेतावनी और ग्रामीण विकास के समक्ष चुनौतियाँ

 मुरवारी में शासकीय भूमि और तालाब पर अतिक्रमण का गहराता विवाद, समाजसेवी अशोक पाण्डेय की आंदोलन की चेतावनी और ग्रामीण विकास के समक्ष चुनौतियाँ कटनी  |  मध्यप्रदेश के कटनी जिले के ढीमरखेड़ा विकासखंड के अंतर्गत आने वाले ग्राम मुरवारी से एक गंभीर मामला प्रकाश में आया है। स्थानीय समाजसेवी अशोक पाण्डेय ने ग्राम पंचायत मुरवारी में सरकारी तालाब, मुक्तिधाम परिसर और पंचायत की बेशकीमती भूमि पर रसूखदारों द्वारा किए गए कथित अवैध कब्जे को लेकर प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री, क्षेत्रीय सांसद, स्थानीय विधायक, एसडीएम, तहसीलदार और पुलिस प्रशासन सहित पंचायत के जनप्रतिनिधियों को इस संबंध में लिखित शिकायत भेजकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। अशोक पाण्डेय का स्पष्ट कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते इस अतिक्रमण को नहीं हटाया और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम नहीं उठाए, तो वे ग्रामीणों के साथ मिलकर एक बड़ा जन-आंदोलन शुरू करने को विवश होंगे। यह मामला न केवल एक गांव के पर्यावरण और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुँचाने का है, बल्कि यह प्रशासनिक शिथिलता और सरकारी आदेशों की अवहेलना...

क्षेत्रीय विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह की मौजूदगी में उमरियापान मंडी में मूंग-उड़द की शासकीय खरीदी शुरू, किसानों के खिले चेहरे

 क्षेत्रीय विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह की मौजूदगी में उमरियापान मंडी में मूंग-उड़द की शासकीय खरीदी शुरू, किसानों के खिले चेहरे ढीमरखेड़ा ।  क्षेत्र के किसानों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। उमरियापान स्थित शासकीय खरीदी केंद्र में ग्रीष्मकालीन फसल मूंग एवं उड़द की समर्थन मूल्य पर शासकीय खरीदी का शुभारंभ क्षेत्रीय विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह की उपस्थिति में किया गया। खरीदी प्रारंभ होते ही किसानों में उत्साह का माहौल देखने को मिला और उन्होंने सरकार की इस पहल का स्वागत किया । शुभारंभ कार्यक्रम में भाजपा मंडल अध्यक्ष आशीष चौरसिया, जनपद पंचायत अध्यक्ष सुनीता दुबे, जिला पंचायत सदस्य प्रिया सिंह, विजय दुबे सहित जनप्रतिनिधि, संबंधित विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों ने खरीदी केंद्र का निरीक्षण कर किसानों से चर्चा की तथा उन्हें खरीदी प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने आश्वस्त किया कि पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता और सुचारु व्यवस्था के साथ संचालित की जाएगी, जिससे किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने ...

आदेश के बाद भी ढीमरखेड़ा में क्यों नहीं खुल रही आईटीआई? युवाओं के भविष्य से कौन कर रहा खिलवाड़, पोड़ी खुर्द में पूर्व से भूमि आवंटित, अब उमरियापान में पुनः भवन हेतु भूमि आवंटन की तैयारी पर उठे सवाल

 आदेश के बाद भी ढीमरखेड़ा में क्यों नहीं खुल रही आईटीआई? युवाओं के भविष्य से कौन कर रहा खिलवाड़, पोड़ी खुर्द में पूर्व से भूमि आवंटित, अब उमरियापान में पुनः भवन हेतु भूमि आवंटन की तैयारी पर उठे सवाल ढीमरखेड़ा । शासन द्वारा स्वीकृत औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) के संचालन को लेकर ढीमरखेड़ा क्षेत्र में एक बार फिर विवाद गहराता जा रहा है। क्षेत्रीय नागरिकों, छात्रों और अभिभावकों का आरोप है कि शासन स्तर पर आईटीआई की स्वीकृति और आवश्यक निर्देश जारी होने के बावजूद आज तक संस्थान का संचालन ढीमरखेड़ा मुख्यालय में शुरू नहीं किया गया। वहीं, यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि पोड़ी खुर्द में पहले से भूमि आवंटित होने के बावजूद अब उमरियापान में पुनः भवन हेतु भूमि आवंटित कराने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है, जिससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि पूर्व में भूमि उपलब्ध और शासन के निर्देश स्पष्ट हैं, तो दोबारा भूमि आवंटन की आवश्यकता क्यों पड़ रही है? क्या यह प्रक्रिया नियमानुसार है या फिर किसी अन्य उद्देश्य से अपनाई जा रही है? इन सवालों के बीच युवाओं में नाराजगी लगातार बढ़ र...